THE  BRAVE BOY


Brave Boy




The Brave Boy One day a boy was going to school. Suddenly he saw smoke. It was coming out of a house. He went in. He saw a house on fire. There was nobody else near the fire. Only a few women were running to and fro. They were crying bitterly. The boy thought that there might be somebody in the house. He could not come out. There were flames and flames on all sides. It was a great danger. The boy was too brave to cope with the situation. He was not at all afraid. He then and there ran into the burning house. 

The boy found an old woman there. She was too weak to move. The boy took her on his shoulders. He then came out running with her. People saw it. They were, at bottom, amused to see this. They called him a brave boy. The Headmaster of the school heard the story. He congratulated the boy on his brilliant feat. This is really a worthy act for which the school also felt proud of.


                    বাংলায় অনুবাদ

একদিন একটি ছেলে স্কুলে যাচ্ছিল। হঠাৎ ধোঁয়া দেখেছিল সে। ধোয়াএকটি বাড়ি থেকে বেরিয়ে আসছিল। সে ভিতরে ঢুকেছিল। সে  দেখেছিল বাড়ির ভেতর আগুন ধরেছে। আগুনের কাছে আর কেউ ছিল না। কেবল কয়েকজন মহিলা দৌড়ে এসেছিলেন। তারাকান্নাকাটি করছিল। ছেলেটি ভেবেছিল বাড়ির ভেতর কেউ থাকতে পারে। তিনি বেরিয়ে আসতে পারেননি। চারদিকে আগুনের শিখা ও শিখা ছিল। এটি একটি দুর্দান্তবিপদ ছিল। ছেলেটি পরিস্থিতি সামলাতে খুব সাহসী ছিল। সে মোটেও ভয়পেত না। তিনি তখন সেখানে দৌড়ে গেলেন দগ্ধ ঘরে।ছেলেটি সেখানে এক বৃদ্ধ মহিলাকে পেয়েছিল। তিনি এতই  দুর্বল ছিল যে নড়াচড়া করতে পারতেন না ।ছেলেটি তাকে কাঁধে নিয়ে গেল। তিনি তখন তাকে নিয়ে ছুটে আসেন। লোকেরা তা দেখেছিল। তারাএকেবারে নীচু অবস্থায় এই দেখে আনন্দিত হয়েছিল। তারা তাকে সাহসী ছেলে বলেছিল।গল্পটি শুনে স্কুলের প্রধান শিক্ষক ছেলেটিকে তার উজ্জ্বল কীর্তির জন্য তিনি অভিনন্দনজানিয়েছেন।এটি সত্যই একটি উপযুক্ত কাজ যার জন্য স্কুলটি গর্বিতও বোধ করেছিল।



       .Translated into Hindi  


बंगाली अनुवादएक दिन एक लड़का स्कूल जा रहा था। अचानक उसनेधुआँ देखा। धाय घर से बाहर निकल रहा था। वहभीतर घुस गया। उसने घर के अंदर आग देखी। आगके पास कोई और नहीं था। नहीं। तभी कुछमहिलाएं दौड़ती हुई आईं। तारकनकती थी। लड़केने सोचा कि घर के अंदर कोई हो सकता है। वहबाहर नहीं निकल सका। चारों तरफ आग कीलपटें और आग की लपटें थीं। यह एक बड़ी त्रासदी थी।स्थिति को संभालने के लिए लड़का बहुत बहादुर था।वह डरता नहीं था। वह फिर जले हुए कमरे में भागगया। उस लड़के को वहाँ एक बूढ़ी औरत मिली। वहइतना कमजोर था कि वह हिल नहीं सकता था। लड़के नेउसे अपने कंधों पर ले लिया। वह फिर उसकेसाथ भाग गया। लेकर्स ने इसे देखा। उन्हें यहदेखकर बहुत खुशी हुई कि वे बहुत कम अवस्था मेंथे। उन्होंने उसे एक बहादुर लड़का कहा। कहानीसुनने के बाद, स्कूल के प्रधानाध्यापक ने लड़के को उसकेशानदार कामों के लिए बुलाया।बधाई हो। यह वास्तव में एक उपयुक्तनौकरी है जिसके लिए स्कूल को गर्व है।

     .  .. ..........  The End

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